बिलासपुर/रायपुर/ लुतरा शरीफ दरगाह के समग्र विकास और सुविधाओं के विस्तार को लेकर लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। गुरुवार को इंतेजामिया कमेटी के पदाधिकारियों ने रायपुर स्थित छत्तीसगढ़ राज्य वक्फ बोर्ड कार्यालय पहुंचकर वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. सलीम राज से मुलाकात की। इस दौरान दरगाह के विकास, व्यवस्थाओं में सुधार और जायरीनों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने को लेकर विस्तृत एवं सकारात्मक चर्चा हुई।
बैठक में कमेटी के चेयरमैन इरशाद अली ने दरगाह परिसर में आवश्यक विकास कार्यों, बुनियादी सुविधाओं के विस्तार और व्यवस्थाओं को और अधिक सुदृढ़ बनाने के प्रस्ताव विस्तार से रखे। उन्होंने कहा कि लुतरा शरीफ दरगाह आस्था का प्रमुख केंद्र है, ऐसे में यहां आने वाले जायरीनों के लिए सुविधाओं का बेहतर होना बेहद जरूरी है। कमेटी द्वारा प्रस्तुत सुझावों पर वक्फ बोर्ड अध्यक्ष ने गंभीरता से विचार करते हुए हर पहल पर सकारात्मक सहयोग का आश्वासन दिया।

नायब सदर मोहम्मद सिराज ने जानकारी दी कि दरगाह के लिए जल्द ही “लुतरा दर्शन योजना” शुरू करने की तैयारी है। इस योजना के तहत दूर-दराज से आने वाले जायरीनों को कम खर्च में वहां तक पहुंचाने,ठहरने और भोजन की बेहतर व्यवस्था उपलब्ध कराई जाएगी, जिससे उनकी यात्रा अधिक सुगम और सुविधाजनक बन सकेगी।
वहीं, सेक्रेटरी रियाज़ अशरफी ने बताया कि दरगाह के प्रचार-प्रसार के जरिए और अधिक से अधिक लोगों तक कार्यक्रमों,आयोजनों सुविधाओं की जानकारी पहुंचाने के लिए कमेटी द्वारा आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म शुरू किया जा रहा है।
इस पहल का शुभारंभ 6 मार्च को हजरत बाबा सैय्यद इंसान अली शाह के छमाही उर्स के मौके पर किया जाएगा। इस दौरान दादी अम्मा बेगम बी के उर्स मंच से वक्फ बोर्ड अध्यक्ष डॉ. सलीम राज एवं अन्य गणमान्य अतिथियों द्वारा इसका औपचारिक अनावरण किया जाएगा।

वक्फ बोर्ड अध्यक्ष डॉ. सलीम राज ने बताया कि लुतरा शरीफ दरगाह के विकास के लिए प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को प्रस्ताव भेजा गया है। उन्होंने भरोसा जताया कि शासन स्तर से जल्द ही आवश्यक स्वीकृति और राशि जारी होगी, जिससे विकास कार्यों को गति मिलेगी।
बैठक के दौरान वक्फ बोर्ड सदस्य मोहम्मद फिरोज खान, कमेटी के पदाधिकारीगण, खजांची रौशन खान, सदस्य फिरोज खान, हाजी जुबैर महमूद, दरगाह के खादिम मोहम्मद उस्मान तथा लिटिल लर्नर पब्लिक स्कूल के संचालक आनंद डोरस सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।
इस पहल से यह उम्मीद जताई जा रही है कि लुतरा शरीफ दरगाह न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र बना रहेगा, बल्कि सुविधाओं और व्यवस्थाओं के मामले में भी एक आदर्श स्थल के रूप में विकसित होगा।

