कलेक्टर-एसएसपी ने कसी कमर, फुटपाथ से अतिक्रमण हटेगा और सड़क किनारे अवैध कब्जों पर हर हफ्ते चलेगा अभियान।
हेलमेट से लेकर आवारा पशुओं तक पर सख्ती, हादसे रोकने सभी विभागों को मिलकर काम करने के निर्देश।
बिलासपुर। जिले में सड़क हादसों में लगातार हो रही मौतों ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। इस साल शुरुआती आठ महीनों में सड़क दुर्घटनाओं में 212 लोगों की जान जा चुकी है, जिनमें 161 मौतें मोटरसाइकिल से जुड़े हादसों में हुई हैं। बढ़ते हादसों को देखते हुए कलेक्टर संजय अग्रवाल और एसएसपी रजनेश सिंह ने जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में अधिकारियों को दुर्घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाने के लिए सख्त निर्देश दिए।
बैठक में कलेक्टर ने कहा कि सड़क सुरक्षा केवल यातायात पुलिस की जिम्मेदारी नहीं है। राजस्व, पुलिस, नगर निगम, पीडब्ल्यूडी, राष्ट्रीय राजमार्ग और अन्य संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करना होगा। उन्होंने दुर्घटनाओं के प्रत्येक कारण की समीक्षा कर उसके स्थायी समाधान पर काम करने के निर्देश दिए।

फुटपाथ खाली कराए जाएंगे, हर सप्ताह होगी कार्रवाई..
बैठक में कलेक्टर ने कहा कि फुटपाथ पैदल यात्रियों के लिए हैं और उन पर पहला अधिकार पैदल चलने वालों का है। उन्होंने नगर निगम को फुटपाथ से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई लगातार जारी रखने को कहा। सड़क किनारे किए गए अवैध कब्जों और यातायात में बाधा बनने वाली गतिविधियों पर भी अब नियमित कार्रवाई होगी।
इसके लिए राजस्व, पुलिस, एनएच और नगर निगम की संयुक्त टीम हर सप्ताह अचानक कार्रवाई करेगी। टीम सड़क किनारे अतिक्रमण, यातायात में बाधा और सड़क सुरक्षा से जुड़ी कमियों को चिन्हित कर तत्काल कार्रवाई करेगी।
बाइक हादसों में 161 मौतें, हेलमेट को लेकर सख्ती..
एसएसपी रजनेश सिंह ने बताया कि आठ महीनों में हुई 212 मौतों में से 161 मौतें मोटरसाइकिल दुर्घटनाओं में हुई हैं। इनमें बड़ी संख्या आमने-सामने की टक्कर के मामलों की है। उन्होंने कहा कि कई मामलों में हेलमेट का इस्तेमाल जान बचा सकता था। सड़क हादसों में होने वाली मौतों को कम करना सभी विभागों का साझा लक्ष्य होना चाहिए।
सड़क पर आवारा पशु भी बड़ी चुनौती..
बैठक में सड़क पर घूमने वाले आवारा पशुओं को भी दुर्घटनाओं का प्रमुख कारण माना गया। एसएसपी ने बताया कि जिले में 8 नए गोधाम स्वीकृत किए गए हैं। संबंधित विभागों को समन्वय कर सड़कों पर बैठे पशुओं को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के निर्देश दिए गए।
त्योहारों में मंडप और बिजली व्यवस्था पर रहेगी नजर..
आगामी त्योहारों को देखते हुए शहर की यातायात और सुरक्षा व्यवस्था की भी समीक्षा की गई। जवाली नाला और गुरुनानक चौक जैसे स्थानों पर यातायात प्रबंधन को बेहतर बनाने के निर्देश दिए गए। वहीं त्योहारों के दौरान लगाए जाने वाले मंडपों में अवैध बिजली कनेक्शन और हुकिंग पर सख्त निगरानी रखने को कहा गया, ताकि किसी तरह की विद्युत दुर्घटना न हो।
NH के आसपास नियम तोड़े तो कार्रवाई..
राष्ट्रीय राजमार्गों के आसपास भवन निर्माण और भूमि उपयोग के नियमों पर भी सख्ती के निर्देश दिए गए। अधिकारियों को राष्ट्रीय राजमार्ग के केंद्र से 40 मीटर के दायरे में आवासीय और 75 मीटर के दायरे में व्यावसायिक उपयोग से संबंधित नियमों का पालन सुनिश्चित कराने को कहा गया। नियमों का उल्लंघन मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में जिला पंचायत सीईओ संदीप अग्रवाल, एडिशनल एसपी पंकज पटेल, एडिशनल एसपी ट्रैफिक करियारे, आरटीओ, एसडीएम, नगर निगम, पीडब्ल्यूडी, राष्ट्रीय राजमार्ग और पशु चिकित्सा विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।

