बिलासपुर। छत्तीसगढ़ में स्थानीय कारीगरों, छोटे कारोबारियों और स्व-सहायता समूहों को बाजार देने के लिए इस साल ‘स्वदेशी मेला’ प्रदेश के करीब 10 जिलों में लगाया जाएगा। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बिलासपुर में आयोजित कार्यक्रम में स्वदेशी मेले के पोस्टर और ब्रोशर का विमोचन किया।
स्वदेशी जागरण फाउंडेशन की इकाई भारतीय विपणन विकास केंद्र (CBMD) की ओर से आयोजित होने वाला यह मेला जगदलपुर (बस्तर) से शुरू होकर अंबिकापुर (सरगुजा) तक आयोजित किया जाएगा। मेले में स्थानीय स्तर पर तैयार होने वाले उत्पादों को लोगों तक पहुंचाने और उन्हें बाजार उपलब्ध कराने पर जोर रहेगा।
आयोजकों के मुताबिक, मेले का मुख्य उद्देश्य गांव और छोटे शहरों के लोगों को उद्यमिता और स्वरोजगार से जोड़ना है। इससे स्थानीय कारीगरों, स्व-सहायता समूहों और स्वदेशी उद्योगों को अपने उत्पादों की बिक्री और प्रचार का बेहतर अवसर मिलेगा।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मेले के आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन स्थानीय कारीगरों और स्व-सहायता समूहों को आगे बढ़ाने में मदद करते हैं। उन्होंने कहा कि स्थानीय उत्पादों को बाजार मिलने से रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर भी बढ़ेंगे।
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ शासन के पूर्व कैबिनेट मंत्री एवं बिलासपुर विधायक अमर अग्रवाल, डॉ. सुशील श्रीवास्तव, डॉ. प्रफुल्ल शर्मा, गुलशन ऋषि और अरुणा दीक्षित मौजूद रहे।
आयोजकों ने बताया कि प्रदेश के अलग-अलग जिलों में होने वाले स्वदेशी मेलों की तारीख और स्थान की विस्तृत जानकारी जल्द जारी की जाएगी।

