भोपाल-बिलासपुर एक्सप्रेस में महिला यात्री का पर्स पार.. सोने का मंगलसूत्र, चांदी के जेवर, मोबाइल और नकदी बरामद।
बिलासपुर स्टेशन पर पुलिस को देखकर छिपने लगा आरोपी.. GRP-RPF की संयुक्त टीम ने घेराबंदी कर पकड़ा।
बिलासपुर। चलती ट्रेन में महिला यात्री के सोते ही उसका करीब 90 हजार रुपये का सामान चोरी करने वाले आरोपी को बिलासपुर जीआरपी ने गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने भोपाल-बिलासपुर एक्सप्रेस में महिला का लेडीज पर्स पार किया था। पर्स में सोने का मंगलसूत्र, चांदी के जेवर, मोबाइल, नकदी और जरूरी दस्तावेज रखे थे। GRP और RPF की संयुक्त टीम ने आरोपी को बिलासपुर रेलवे स्टेशन से पकड़कर चोरी का पूरा सामान बरामद कर लिया।
जीआरपी के अनुसार गिरफ्तार आरोपी की पहचान शिवा नामदेव उर्फ अनुराग के रूप में हुई है। वह मध्यप्रदेश के उमरिया जिले का रहने वाला है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
दरअसल, बिलासपुर निवासी अंजना विश्वकर्मा मायके से रक्षाबंधन पर्व मनाकर 31 अगस्त को अपने परिवार के साथ भोपाल-बिलासपुर एक्सप्रेस से कटनी से बिलासपुर लौट रही थीं।
इस दौरान बेलगहना से पहले उनकी आंख लग गई। कुछ देर बाद नींद खुली तो लेडीज पर्स गायब था। पर्स में सोने का मंगलसूत्र, चांदी का कड़ा, चांदी की अंगूठी, चांदी का सिक्का, 2200 रुपये नकद, एटीएम कार्ड, आधार कार्ड, पैन कार्ड और रियलमी कंपनी का मोबाइल था। चोरी गए सामान की कुल कीमत करीब 90 हजार रुपये बताई गई।
महिला की शिकायत पर जीआरपी ने जांच शुरू की और आरोपी की तलाश तेज कर दी। चोरी गए सामान और आरोपी की तलाश में पुलिस टीम रेलवे स्टेशन और आसपास के इलाकों में संदिग्धों की निगरानी कर रही थी।इसी दौरान पुलिस टीम को बिलासपुर रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-1 के हावड़ा छोर पर एक संदिग्ध नजर आया।
पुलिस के मुताबिक, टीम को देखते ही संदिग्ध छिपने की कोशिश करने लगा। शक होने पर पुलिस ने घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया। पूछताछ में आरोपी ने कथित तौर पर ट्रेन में महिला का पर्स चोरी करने की बात स्वीकार की।
पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर महिला का पर्स और उसमें रखा सोने-चांदी के जेवर, मोबाइल, नकदी और दस्तावेज समेत पूरा सामान बरामद कर आरोपी को जेल भेज दिया गया।
जीआरपी ने बताया कि ट्रेनों और रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों के सामान की चोरी करने वालों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। इस कार्रवाई में जीआरपी बिलासपुर और आरपीएफ की संयुक्त टीम की भूमिका रही।

